शिक्षा भारतीय परिकल्पना

किसी भी देश की शिक्षा तब परिणामकारी होती है जब शिक्षा का स्वरूप उस देश के जीवन दर्शन पर आधारित होता है ; अर्थात देश का जैसा जीवनदर्शन वैसा ही शिक्षादर्शन होता है | इसलिए शिक्षा पद्धति भी उस देश के मनोविज्ञान पर आधारित होना चाहिए जिससे देश के विद्यार्थियों का चरित्र निर्माण उस देश के अनुरूप हो सकेगा |

हमारे विद्यालय का मूल उद्देश्य भी भारतीय जीवनदर्शन-आधारित हिंदुत्वनिष्ठ एवं राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत शिक्षा प्रणाली का विकास करना है| हमारे विद्यालय के माध्यम से वर्तमान शिक्षा को भारतीय स्वरूप देने का प्रमुख कार्य किया जा रहा है |

वर्तमान भौतिक वादी युग में बलिकाओं के सर्वांगीण विकास (शारीरिक, प्राणिक, मानसिक, बौद्धिक एवं अध्यात्मिक) की बहुत आवश्कता है | आज बालिकाएं शिक्षा प्राप्त करने के साथ - साथ जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में आगे बढ़ रही है | उनके भावी जीवन को सजाने - संवारने के लिए उन्हें योग्य वातावरण एवं सुनहरे अवसर प्रदान करने के लिए सरस्वती शिक्षा परिषद् द्वारा संचालित बालिका आवासीय विद्यालय नरसिंह मंदिर जबलपुर में संचालित है |

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